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संक्रमितों की संख्या 705 पहुंची, मरीजों को नई गाइडलाइन के मुताबिक 2 दिन में डिस्चार्ज करने पर असमंजस

हरियाणा में लॉकडाउन फेज-3 का 8वां दिन है। हरियाणा में संक्रमित मरीजों का आंकड़ा 720 पहुंच गया है। केंद्र सरकार की ओर से कोरोना मरीज के यदि दो दिन बुखर न होने पर उन्हें डिस्चार्ज करने के आदेशों पर हरियाणा अभी असमंजस में है। क्योंकि कोरोना का संक्रमण यदि खत्म नहीं हुआ तो वही व्यक्ति परिवार जनों को भी संक्रमित कर सकता है। ऐसे में हरियाणा स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की ओर से इसे लेकर केंद्र के अधिकारियों से संपर्क साधा जाएगा। इसके बाद ही यह आदेश लागू होगा।

चिंता इसलिए भी जायज है कि अब लक्षणरहित मरीज भी सामने आ रहे हैं। ऐसे में केवल बुखार खत्म होने पर ही यह कैसे मान लिया जाए कि कोरोना संक्रमित मरीज ठीक हो गया। स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज इस मामले को लेकर अधिकारियों के साथ बैठक भी करेंगे। उन्होंने आला अधिकारियों से केंद्रीय अधिकारियों से भी इस मसले पर बातचीत करने को कहा है। यह बातचीत होने के बाद आगे कोई निर्णय लिया जाएगा। केंद्र ने अब क्वारैंटाइन पीरियड भी 14 दिन से घटाकर अब सात दिन कर दिया है।

सभी का टेस्ट न करने पर भी विचार होगा
केंद्र सरकार की ओर से अब नए आदेशों में सभी के टेस्ट न करने की हिदायत दी गई है। इसे भी हरियाणा में अभी लागू नहीं किया जा रहा। सवास्थ्य विभाग के अफसर केंद्र की गाइड लाइन दिए गए इस लाइन को भी समझने में लगे हैं। क्योंकि यहां कोरोना की जंग में उतरे सभी कर्मचारियों के टेस्ट करने के आदेश दिए जा चुके हैं। अभी केंद्र के आदेशों पर विचार किया जा रहा है।

विदेशी जमातियों पर कार्रवाई हुई शुरू
टूरिस्ट वीजा पर आए जमातियों के यहां दूसरे मकसद के लिए काम करने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। हरियाणा में भी ऐसे 107 जमाती आए थे। इसके अलावा 8 अप्रैल के बाद मिले 29 जमातियों के खिलाफ दर्ज केस के अनुसार कार्यवाही की जाएगी। बाकी जो जमाती ठीक हो गए, उन्हें जाने की इजाजत दी जा रही है।

दिल्ली बॉर्डर सील होने से व्यापार पर पड़ रहा असर
दिल्ली बॉर्डर सील हो जाने और दिल्ली में कोरोने का मामलों की वजह से वहां बंद पड़े उद्योगों का असर हरियाणा में भी देखने को मिल रहा है। यहां भी कच्चा माल नहीं मिल रहा है। इस वजह से फरीदाबाद, गुड़गांव, बहादुरगढ़, झज्जर ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं।

जेल से छोड़े कैदियों-बंदियों की पैरोल छह सप्ताह और बढ़ाई

  • राज्य सरकार ने कैदियों व बंदियों की पैरोल उनके पहले आत्मसमर्पण की तिथि से छह सप्ताह और बढ़ा दी है। यह निर्णय उन सभी कैदियों व बंदियों पर लागू होगा जिनकी पैरोल20अप्रैलको हुई बैठक में तीन सप्ताह के लिए बढ़ाई गई थी। जेल मंत्री रणजीत सिंह ने बताया कि उच्चाधिकार-प्राप्त समिति के निर्देशानुसार अंतरिम जमानत पर पहले छोड़े गए विचाराधीन बंदियों की जमानत की अवधि भी उनके आत्मसमर्पण की तिथि से और छह सप्ताह के लिए बढ़ाई जाएगी।
  • उन्होंने बताया कि जमानत,पैरोल,फरलो आदि से वापस आने वाले कैदियों व बंदियों के लिए कोविड जांच और14दिन के लिए क्वारैंटाइन करना अनिवार्य किया गया है। प्रदेश में करीब चार हजार कैदियों और बंदियों को छोड़ा गया था। आपात आधार पर छुट्‌टी के बाद जेलों में लौटने वाले विभाग के कर्मचारियों को भी अनिवार्य रूप से कोविड जांच करवानी होगी। ऐसे कर्मचारियों को कोविड जांच रिपोर्ट निगेटिव आने और जेल के चिकित्सा अधिकारी से फिटनेस रिपोर्ट मिलने के बाद ही नियमित ड्यूटी ज्वाइन करने की अनुमति दी जाएगी।

हरियाणा में 705 पहुंचा पॉजिटिव मरीजों का आंकड़ा

  • हरियाणा में अब तक गुड़गांव में 142, सोनीपत में 100, फरीदाबाद में 96, झज्जर में 74, नूंह में 59, अम्बाला में 41, पलवल में 37, पानीपत में 36, पंचकूला में 22, जींद में 17, करनाल में 14, यमुनानगर में 8, सिरसा में 7, फतेहाबाद में 7, भिवानी और रोहतक में 6, महेंद्रगढ़ में 5, हिसार में 4, कैथल और रेवाड़ी में 3-3, कुरुक्षेत्र, चरखी दादरी में 2-2 पॉजिटिव मिले। इसके अलावा, मेदांता अस्पताल गुड़गांव में 14 इटली के नागरिकों को भी भर्ती करवाया गया था, जिन्हें हरियाणा ने अपनी सूची में जोड़ा है।
  • प्रदेश में अब कुल 300 मरीज ठीक हो गए हैं। नूंह में 57, गुड़गांव में 51, फरीदाबाद में 55, पलवल 33, पंचकूला में 18, अम्बाला में 11, झज्जर में 10, सोनीपत में 14, पानीपत में 8, करनाल में 5, सिरसा और यमुनानगर में 4-4, यमुनानगर, भिवानी और हिसार में 3-3, कैथल, कुरुक्षेत्र, रोहतक में 2-2, चरखी दादरी, फतेहाबाद 1-1 मरीज ठीक होने पर घर भेजा गया। 14 मरीज इटली के भी ठीक हुए हैं। इनके समेत कुल आंकड़ा 241 हो जाता है।


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रोहतक रेलवे स्टेशन पर बिहार के लिए जाने वाली ट्रेन में सवार होने से पहले अपनी स्क्रीनिंग कराते हुए प्रवासी मजदूर।


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